पैकेज की मुख्य लागत इन्हीं पर आधारित होती है
5.3 कस्टमाइज़्ड (टेलर-मेड) पैकेज एवं ग्रुप इन्क्लूसिव टूर (Customized or Tailor-Made Package and Group Inclusive Tour)
कस्टमाइज़्ड या टेलर-मेड पैकेज (Customized or Tailor-Made Package – FIT)
कस्टमाइज़्ड (टेलर-मेड) पैकेज वह यात्रा पैकेज है जिसे किसी व्यक्ति या छोटे समूह की आवश्यकता, पसंद और बजट के अनुसार विशेष रूप से तैयार किया जाता है। ऐसे यात्रियों को फ्री इंडिपेंडेंट ट्रैवलर (Free Independent Traveler – FIT) कहा जाता है।
कस्टमाइज़्ड (FIT) पैकेज की विशेषताएँ
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पर्यटक की आवश्यकता के अनुसार व्यक्तिगत (Personalized) यात्रा योजना।
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लचीला यात्रा कार्यक्रम (Flexible Itinerary), कोई निश्चित समय-सारणी नहीं।
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व्यक्तिगत यात्रियों या 2–5 सदस्यों वाले छोटे समूहों के लिए उपयुक्त।
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आराम (Comfort), गोपनीयता (Privacy) और विशेष अनुभव (Exclusivity) पर अधिक ध्यान।
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पर्यटक अपनी पसंद से गंतव्य, होटल और अन्य सेवाओं का चयन कर सकता है।
FIT पर्यटकों की विशेषताएँ
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स्वतंत्र रूप से यात्रा करना पसंद करते हैं।
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नए एवं अनोखे स्थानों की खोज करना पसंद करते हैं।
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भीड़भाड़ वाले पर्यटन स्थलों से बचना पसंद करते हैं।
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विभिन्न परिस्थितियों और वातावरण के अनुसार स्वयं को आसानी से ढाल लेते हैं।
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अपनी आवश्यकता के अनुसार लक्ज़री होटल, गेस्ट हाउस, हॉस्टल या B&B (European Plan – EP) का चयन कर सकते हैं।
महत्वपूर्ण बिंदु
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FIT पर्यटक अपनी यात्रा स्वयं भी योजना बना सकते हैं या टूर ऑपरेटर से केवल आवश्यक सेवाएँ ले सकते हैं।
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यह पैकेज विशेष (Niche) ग्राहकों और उनकी व्यक्तिगत आवश्यकताओं को ध्यान में रखकर बनाया जाता है।
ग्रुप इन्क्लूसिव टूर (Group Inclusive Tour – GIT)
ग्रुप इन्क्लूसिव टूर (GIT) एक पहले से तैयार (Pre-Planned) एवं संगठित यात्रा पैकेज है, जिसे एक समूह के लिए एक समेकित (Inclusive) मूल्य पर निश्चित यात्रा कार्यक्रम (Fixed Itinerary) के साथ उपलब्ध कराया जाता है।
GIT की विशेषताएँ
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निश्चित यात्रा कार्यक्रम (Fixed Itinerary)।
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सामान्यतः टूर मैनेजर या गाइड के साथ (Escorted Tour) आयोजित किया जाता है।
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लोकप्रिय पर्यटन स्थलों (Beaten-Track Destinations) को शामिल करता है।
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समूह की रुचि, समय और क्षमता के अनुसार तैयार किया जाता है।
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अल्प दूरी (Short-Haul) जैसे MICE Tour तथा लंबी दूरी (Long-Haul) जैसे अवकाश (Leisure) यात्राओं के लिए उपयुक्त।
GIT के लाभ (Advantages)
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FIT की तुलना में अधिक किफायती (Cost-Effective)।
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होटल, परिवहन एवं अन्य सेवाओं की सामूहिक (Bulk) बुकिंग।
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टूर ऑपरेटर को सेवा प्रदाताओं से अधिक छूट (Discount) प्राप्त होती है।
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बड़े समूहों के लिए सबसे उपयुक्त।
उदाहरण (Examples)
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कॉर्पोरेट टूर (MICE)
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स्कूल एवं कॉलेज शैक्षिक भ्रमण
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धार्मिक समूह यात्राएँ
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अवकाश (Leisure) समूह टूर
अभ्यास प्रश्न (Review Questions)
प्रश्न 1. कस्टमाइज़्ड (Tailor-Made) टूर पैकेज की प्रमुख विशेषताओं की व्याख्या कीजिए।
उत्तर:
कस्टमाइज़्ड या टेलर-मेड टूर पैकेज पर्यटक की आवश्यकता, बजट और पसंद के अनुसार तैयार किया जाता है। यह मुख्य रूप से फ्री इंडिपेंडेंट ट्रैवलर (FIT) के लिए बनाया जाता है।
इसकी प्रमुख विशेषताएँ हैं—
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व्यक्तिगत (Personalized) यात्रा योजना।
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लचीला यात्रा कार्यक्रम।
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गंतव्य, होटल एवं सेवाओं का स्वतंत्र चयन।
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आराम, गोपनीयता एवं विशेष अनुभव पर ध्यान।
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व्यक्तिगत यात्रियों एवं छोटे समूहों के लिए उपयुक्त।
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विशेष (Niche) ग्राहकों की आवश्यकताओं को पूरा करता है।
प्रश्न 2. टेलर-मेड टूर पैकेज से आप क्या समझते हैं?
उत्तर:
टेलर-मेड टूर पैकेज ऐसा यात्रा पैकेज है जिसे किसी विशेष ग्राहक या छोटे समूह की आवश्यकता, पसंद और बजट के अनुसार तैयार किया जाता है। यह सभी पर्यटकों के लिए समान नहीं होता, बल्कि ग्राहक अपनी आवश्यकता के अनुसार गंतव्य, होटल, परिवहन एवं अन्य सेवाओं का चयन कर सकता है।
यह उन यात्रियों के लिए सबसे उपयुक्त है जो आरामदायक, व्यक्तिगत और विशेष यात्रा अनुभव चाहते हैं।
प्रश्न 3. ग्रुप इन्क्लूसिव टूर (GIT) का वर्णन कीजिए।
उत्तर:
ग्रुप इन्क्लूसिव टूर (GIT) एक पहले से तैयार एवं संगठित पैकेज टूर है, जिसे एक समूह के लिए निश्चित यात्रा कार्यक्रम और समेकित मूल्य पर उपलब्ध कराया जाता है।
इसकी प्रमुख विशेषताएँ हैं—
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निश्चित यात्रा कार्यक्रम।
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टूर मैनेजर या गाइड के साथ यात्रा।
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लोकप्रिय पर्यटन स्थलों का भ्रमण।
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समूह के आकार, समय एवं रुचि के अनुसार योजना।
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सामूहिक बुकिंग के कारण कम लागत।
-
बड़े समूहों के लिए उपयुक्त।
प्रश्न 4. टूर ऑपरेटर FIT एवं GIT पैकेज तैयार करते समय कौन-कौन से उपाय अपनाते हैं?
उत्तर:
टूर ऑपरेटर FIT एवं GIT पैकेज तैयार करते समय निम्नलिखित बातों का ध्यान रखते हैं—
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ग्राहकों की आवश्यकताओं एवं यात्रा व्यवहार का अध्ययन करते हैं।
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बाजार की मांग (Market Trends) का विश्लेषण करते हैं।
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विभिन्न सेवाओं की लागत की तुलना करते हैं।
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होटल, परिवहन एवं अन्य सेवा प्रदाताओं से छूट (Discount) प्राप्त करते हैं।
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FIT के लिए लचीला एवं व्यक्तिगत पैकेज तैयार करते हैं।
-
GIT के लिए निश्चित यात्रा कार्यक्रम बनाकर सामूहिक बुकिंग के माध्यम से लागत कम करते हैं।
5.4 टूर निर्माण (Formulation) एवं डिज़ाइनिंग प्रक्रिया (Tour Formulation and Designing Process)
टूर निर्माण एवं डिज़ाइनिंग प्रक्रिया वह व्यवस्थित (Systematic) प्रक्रिया है जिसके माध्यम से टूर ऑपरेटर किसी पैकेज टूर की योजना (Planning), तैयारी (Preparation), लागत निर्धारण (Costing), मूल्य निर्धारण (Pricing), विपणन (Marketing) और संचालन (Operation) करते हैं, ताकि वह पर्यटकों के लिए आकर्षक, बिक्री योग्य (Sellable) और लाभदायक (Profitable) बन सके।
यह एक बहु-चरणीय (Multi-Stage) प्रक्रिया है, जो टूर ऑपरेटर को जोखिम कम करने तथा बेहतर गुणवत्ता वाली सेवाएँ प्रदान करने में सहायता करती है।
यह प्रक्रिया मुख्य रूप से बाजार की मांग (Market Demand), ग्राहक प्रतिक्रिया (Customer Feedback), गंतव्य अध्ययन (Destination Study) तथा लागत नियंत्रण (Cost Control) पर आधारित होती है।
आमतौर पर यह कार्य अनुभवी (Experienced) एवं वरिष्ठ (Senior) कर्मचारियों द्वारा किया जाता है, क्योंकि एक अच्छी तरह से डिज़ाइन किया गया टूर किसी भी पर्यटन व्यवसाय की सफलता या असफलता तय कर सकता है।
टूर डिज़ाइनिंग का महत्व (Importance of Tour Designing)
पैकेज टूर व्यवसाय कई प्रकार के जोखिमों से प्रभावित होता है, जैसे—
-
मौसम एवं पर्यटन सीजन (Seasonality)
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कीमतों में वृद्धि (Price Rise)
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सामाजिक एवं राजनीतिक परिवर्तन (Socio-Political Changes)
एक सुव्यवस्थित टूर डिज़ाइन—
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बाजार की मांग के अनुसार पैकेज तैयार करने में सहायता करता है।
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ग्राहकों की संतुष्टि बढ़ाता है।
-
बिक्री (Sales) में वृद्धि करता है।
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प्रतिस्पर्धी बाजार में सफलता की संभावना बढ़ाता है।
टूर निर्माण एवं डिज़ाइनिंग की प्रक्रिया (Steps in Tour Formulation and Designing)
1. प्रारंभिक अनुसंधान (Initial Research)
प्रारंभिक अनुसंधान वह पहला चरण है जिसमें टूर ऑपरेटर गंतव्य (Destination) तथा स्रोत बाजार (Source Market) का अध्ययन करता है।
प्रमुख बिंदु
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बाजार की मांग (Demand Trend) का पता चलता है।
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पैकेज की ताकत एवं कमियों की पहचान होती है।
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आवश्यक सुधार (Corrective Measures) किए जा सकते हैं।
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टूर की गुणवत्ता एवं आकर्षण बढ़ता है।
2. प्रतिक्रिया (Feedback) एकत्र करना
फीडबैक संग्रह का अर्थ है पर्यटकों एवं टूर गाइड से सुझाव और राय प्राप्त करना ताकि पैकेज को और बेहतर बनाया जा सके।
प्रमुख बिंदु
-
प्रश्नावली (Questionnaire) के माध्यम से फीडबैक लिया जाता है।
-
खुले (Open-ended) एवं बंद (Close-ended) दोनों प्रकार के प्रश्न पूछे जा सकते हैं।
-
ग्राहक संतुष्टि का पता चलता है।
-
बेहतर पैकेज तैयार करने के नए सुझाव मिलते हैं।
3. संचालन क्षेत्र का अंतिम चयन (Finalizing the Area of Operation)
अनुसंधान एवं फीडबैक के बाद टूर ऑपरेटर यह तय करता है कि पैकेज किस क्षेत्र में संचालित किया जाएगा।
प्रमुख बिंदु
-
राजनीतिक स्थिति का अध्ययन।
-
आर्थिक परिस्थितियों का विश्लेषण।
-
सामाजिक विकास पर विचार।
-
उपयुक्त एवं सुरक्षित गंतव्यों का चयन।
4. यात्रा कार्यक्रम (Itinerary) तैयार करना
यात्रा कार्यक्रम (Itinerary) एक विस्तृत योजना होती है जिसमें यात्रा के दौरान स्थान, गतिविधियाँ, परिवहन तथा ठहरने की पूरी जानकारी दी जाती है।
प्रमुख बिंदु
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सावधानीपूर्वक तैयार किया जाता है।
-
आवश्यक निर्देश (Do's & Don'ts) शामिल होते हैं।
-
यात्रा व्यवस्थित रहती है।
-
भ्रम एवं असुविधा से बचाव होता है।
5. गंतव्य कंपनियों का चयन (Selecting Destination Companies)
टूर ऑपरेटर स्थानीय डेस्टिनेशन कंपनियों (Destination Management Companies – DMCs) का चयन करता है जो गंतव्य पर सभी स्थानीय व्यवस्थाएँ संभालती हैं।
प्रमुख बिंदु
-
स्थानीय सेवाओं का प्रबंधन।
-
ग्राउंड हैंडलिंग की जिम्मेदारी।
-
यात्रा को सुचारु एवं सुविधाजनक बनाना।
6. सेवा प्रदाताओं (Vendors) से संपर्क
वेंडर्स (Vendors) वे सेवा प्रदाता होते हैं जो होटल, एयरलाइंस, परिवहन एवं अन्य पर्यटन सेवाएँ उपलब्ध कराते हैं।
प्रमुख बिंदु
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प्राथमिक एवं पूरक सेवा प्रदाताओं से संपर्क।
-
सर्वोत्तम दरों (Best Quotations) पर बातचीत।
-
लागत में कमी।
-
लाभ (Profitability) में वृद्धि।
7. लागत एवं मूल्य निर्धारण (Costing and Pricing)
Costing का अर्थ है पैकेज में शामिल सभी सेवाओं की कुल लागत निकालना।
Pricing का अर्थ है पैकेज का अंतिम बिक्री मूल्य निर्धारित करना।
प्रमुख बिंदु
-
प्रत्येक सेवा की लागत का सही आकलन।
-
लाभ (Profit Margin) जोड़कर अंतिम मूल्य तय करना।
-
प्रतिस्पर्धात्मक (Competitive) मूल्य निर्धारण।
-
उचित मूल्य से बिक्री बढ़ती है।
8. टूर ब्रोशर तैयार करना (Tour Brochure Designing)
टूर ब्रोशर एक प्रचार सामग्री (Promotional Document) है जिसमें पैकेज टूर की पूरी जानकारी दी जाती है।
प्रमुख बिंदु
-
गंतव्य चयन एवं लागत निर्धारण के बाद तैयार किया जाता है।
-
यात्रा कार्यक्रम, सेवाएँ एवं मूल्य शामिल होते हैं।
-
ग्राहकों को आकर्षित करता है।
-
बिक्री बढ़ाने में सहायता करता है।
9. पैकेज टूर की बिक्री (Selling the Tour Package)
ब्रोशर तैयार होने के बाद पैकेज टूर ग्राहकों को बेचा जाता है।
प्रमुख बिंदु
-
सीधे टूर ऑपरेटर द्वारा बिक्री।
-
रिटेल ट्रैवल एजेंट के माध्यम से बिक्री।
-
आरक्षण प्रणाली (Reservation System) का उपयोग।
-
अधिक ग्राहकों तक पहुँच बनती है।
10. विपणन एवं बिक्री संवर्धन (Marketing and Sales Promotion)
मार्केटिंग एवं सेल्स प्रमोशन का उद्देश्य लक्षित ग्राहकों तक पैकेज की जानकारी पहुँचाना और उन्हें आकर्षित करना है।
प्रमुख बिंदु
-
विज्ञापन (Advertisements)।
-
प्रचार अभियान (Promotional Activities)।
-
सही ग्राहक समूह (Target Market) तक पहुँचना।
-
बुकिंग एवं बिक्री में वृद्धि।
11. टूर संचालन (Tour Operation)
टूर संचालन वह अंतिम चरण है जिसमें पैकेज टूर का वास्तविक संचालन किया जाता है।
प्रमुख बिंदु
-
ग्राउंड ऑपरेटर स्थानीय सेवाओं का प्रबंधन करते हैं।
-
परिवहन, आवास एवं दर्शनीय स्थल भ्रमण का समन्वय।
-
सुचारु संचालन से ग्राहक संतुष्टि बढ़ती है।
-
यही चरण पूरी पैकेज टूर प्रक्रिया को पूर्ण करता है।
अभ्यास प्रश्न (Review Questions)
प्रश्न 1. टूर औपचारिकताएँ (Tour Formalities) क्या हैं?
उत्तर:
टूर औपचारिकताएँ वे सभी आवश्यक चरण एवं व्यवस्थाएँ हैं जिन्हें टूर ऑपरेटर पैकेज टूर शुरू करने से पहले पूरा करता है।
इनमें शामिल हैं—
-
प्रारंभिक अनुसंधान
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ग्राहक फीडबैक संग्रह
-
संचालन क्षेत्र का चयन
-
यात्रा कार्यक्रम (Itinerary) तैयार करना
-
गंतव्य कंपनियों का चयन
-
सेवा प्रदाताओं से संपर्क एवं बातचीत
-
लागत एवं मूल्य निर्धारण
-
ब्रोशर तैयार करना
-
पैकेज की बिक्री
-
टूर संचालन
प्रश्न 2. टूर पैकेज की डिज़ाइनिंग प्रक्रिया की व्याख्या कीजिए।
उत्तर:
टूर पैकेज की डिज़ाइनिंग प्रक्रिया एक चरणबद्ध (Step-by-Step) प्रक्रिया है जिसके द्वारा एक आकर्षक एवं सफल पैकेज टूर तैयार किया जाता है।
इस प्रक्रिया में—
-
गंतव्य एवं बाजार का अध्ययन किया जाता है।
-
पर्यटकों एवं गाइड से फीडबैक लिया जाता है।
-
यात्रा कार्यक्रम तैयार किया जाता है।
-
स्थानीय कंपनियों एवं सेवा प्रदाताओं का चयन किया जाता है।
-
लागत एवं मूल्य निर्धारित किए जाते हैं।
-
ब्रोशर तैयार कर पैकेज का विपणन और बिक्री की जाती है।
-
अंत में टूर का सफल संचालन किया जाता है।
प्रश्न 3. पैकेज टूर विकसित करने की निर्माण (Formulation) प्रक्रिया बताइए।
उत्तर:
पैकेज टूर निर्माण की मुख्य प्रक्रियाएँ निम्नलिखित हैं—
-
प्रारंभिक अनुसंधान।
-
ग्राहक एवं गाइड से फीडबैक प्राप्त करना।
-
संचालन क्षेत्र का चयन।
-
यात्रा कार्यक्रम (Itinerary) तैयार करना।
-
गंतव्य कंपनियों का चयन।
-
सेवा प्रदाताओं से संपर्क एवं दरों पर बातचीत।
-
लागत एवं मूल्य निर्धारण।
-
टूर ब्रोशर तैयार करना।
-
पैकेज की बिक्री।
-
विपणन एवं बिक्री संवर्धन।
-
टूर का वास्तविक संचालन।
प्रश्न 4. पैकेज टूर के लिए व्यवस्थित एवं योजनाबद्ध (Systematic and Planned) दृष्टिकोण की आवश्यकता क्यों होती है?
उत्तर:
पैकेज टूर व्यवसाय में मौसम, कीमतों में परिवर्तन तथा सामाजिक एवं राजनीतिक परिस्थितियों जैसे अनेक जोखिम होते हैं। इसलिए व्यवस्थित एवं योजनाबद्ध दृष्टिकोण आवश्यक है।
इसके प्रमुख लाभ हैं—
-
जोखिमों में कमी।
-
बेहतर गुणवत्ता वाली सेवाएँ।
-
ग्राहकों की आवश्यकताओं के अनुसार पैकेज तैयार करना।
-
सही लागत एवं मूल्य निर्धारण।
-
सुचारु टूर संचालन।
-
बिक्री एवं लाभ में वृद्धि।
-
ग्राहक संतुष्टि बढ़ाना।
एक सुव्यवस्थित एवं अच्छी तरह से योजनाबद्ध पैकेज टूर पर्यटन व्यवसाय की सफलता और लाभप्रदता सुनिश्चित करता है। 5.5 टूर ब्रोशर डिज़ाइनिंग (Tour Brochure Designing)टूर ब्रोशर (Tour Brochure) एक मुद्रित (Printed) या डिजिटल (Digital) प्रचार सामग्री (Promotional Document) है, जिसमें किसी पैकेज टूर से संबंधित पूरी जानकारी सरल एवं आकर्षक रूप में दी जाती है। इसमें गंतव्य (Destinations), परिवहन (Transport), आवास (Accommodation), सेवाएँ (Services), नियम एवं शर्तें (Terms & Conditions) तथा बुकिंग संबंधी जानकारी शामिल होती है। टूर ब्रोशर ग्राहकों को यात्रा की स्पष्ट जानकारी देता है, भ्रम को दूर करता है तथा टूर ऑपरेटर के लिए एक प्रभावी विपणन (Marketing) एवं बिक्री संवर्धन (Sales Promotion) का माध्यम होता है।
टूर ब्रोशर का उद्देश्य (Purpose of a Tour Brochure)टूर ब्रोशर के मुख्य उद्देश्य निम्नलिखित हैं—
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पैकेज टूर की पूरी जानकारी देना।
-
ग्राहकों को आकर्षित करना।
-
ट्रैवल एजेंटों के माध्यम से पैकेज टूर का प्रचार करना।
-
सेवाओं, नियमों एवं बुकिंग प्रक्रिया को स्पष्ट रूप से समझाना।
टूर ब्रोशर की मुख्य सामग्री (Main Contents of a Tour Brochure)1. परिचय (Introduction)परिचय भाग में टूर का संक्षिप्त विवरण एवं संचालन क्षेत्र (Area of Operation) की जानकारी दी जाती है। प्रमुख बिंदु
-
पैकेज टूर का परिचय।
-
ब्रोशर का उद्देश्य।
-
यात्रा का सामान्य विवरण।
2. यात्रा संबंधी जानकारी (Travel Information)इस भाग में यात्रा के साधनों एवं यात्रा व्यवस्था से संबंधित जानकारी दी जाती है। प्रमुख बिंदु
-
आगमन एवं प्रस्थान (Arrival & Departure) की जानकारी।
-
ट्रांसफर (Transfer) की व्यवस्था।
-
पैकेज में शामिल परिवहन सुविधाएँ।
3. आवास संबंधी जानकारी (Accommodation Details)इस भाग में पर्यटकों को उपलब्ध कराए जाने वाले होटल एवं कमरों की जानकारी दी जाती है। प्रमुख बिंदु
-
होटल का स्थान (Location)।
-
कमरे एवं सुविधाओं का विवरण।
-
होटल की श्रेणी (Category)।
-
ठहरने (Stay) की व्यवस्था।
4. टूर सेवाएँ (Tour Services)इस भाग में पैकेज में शामिल सभी पर्यटन सेवाओं का विवरण दिया जाता है। प्रमुख बिंदु
-
टूर गाइड सेवाएँ।
-
दर्शनीय स्थल भ्रमण (Sightseeing)।
-
सांस्कृतिक कार्यक्रम।
-
भोजन एवं खरीदारी (Shopping) संबंधी सुझाव।
5. क्या करें और क्या न करें (Do's and Don'ts)Do's and Don'ts वे आवश्यक निर्देश एवं नियम हैं जो पर्यटकों को सुरक्षित, अनुशासित एवं आनंददायक यात्रा के लिए दिए जाते हैं। प्रमुख बिंदु
-
यात्रा को सुरक्षित एवं सुखद बनाते हैं।
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पर्यटकों को सही मार्गदर्शन देते हैं।
-
गलतियों एवं भ्रम से बचाते हैं।
6. शामिल एवं शामिल नहीं की गई सेवाएँ (Inclusive and Exclusive Services)इस भाग में स्पष्ट रूप से बताया जाता है कि पैकेज में कौन-कौन सी सेवाएँ शामिल हैं और कौन-सी सेवाएँ शामिल नहीं हैं। शामिल सेवाएँ (Inclusive Services)वे सेवाएँ जिनका शुल्क पैकेज मूल्य में पहले से शामिल होता है। शामिल नहीं की गई सेवाएँ (Exclusive Services)वे सेवाएँ जिनका भुगतान पर्यटक को अलग से करना होता है। यह जानकारी ग्राहकों को यह समझने में सहायता करती है कि वे किस सेवा के लिए भुगतान कर रहे हैं।
7. चित्र एवं दृश्य सामग्री (Images and Visuals)टूर ब्रोशर को अधिक आकर्षक बनाने के लिए विभिन्न चित्रों एवं दृश्य सामग्री का उपयोग किया जाता है। प्रमुख बिंदु
-
पर्यटन स्थलों के चित्र।
-
होटल एवं परिवहन के चित्र।
-
स्थानीय आकर्षण एवं स्मारिका (Souvenir) दुकानों के चित्र।
-
आकर्षक चित्र ग्राहकों की रुचि बढ़ाते हैं।
8. बुकिंग फॉर्म एवं नियम (Booking Form and Conditions)बुकिंग फॉर्म वह दस्तावेज़ है जिसके माध्यम से ग्राहक पैकेज टूर की बुकिंग करता है। बुकिंग नियम एवं शर्तें यात्रा की बुकिंग से संबंधित आवश्यक निर्देश एवं नियम होते हैं। प्रमुख बिंदु
-
आरक्षण (Reservation) संबंधी जानकारी।
-
भुगतान (Payment) एवं रद्दीकरण (Cancellation) नियम।
-
भोजन योजना (Meal Plan) एवं ग्राउंड सेवाओं का विवरण।
टूर ब्रोशर का महत्व (Importance of Tour Brochure)टूर ब्रोशर का पर्यटन व्यवसाय में महत्वपूर्ण स्थान है। प्रमुख लाभ
-
ग्राहकों को स्पष्ट एवं संपूर्ण जानकारी प्रदान करता है।
-
पैकेज टूर की बिक्री एवं विपणन में सहायता करता है।
-
ट्रैवल एजेंटों को पैकेज बेचने में सुविधा देता है।
-
पर्यटक एवं टूर ऑपरेटर के बीच विश्वास बढ़ाता है।
-
पैकेज को अधिक आकर्षक एवं पेशेवर (Professional) बनाता है।
अभ्यास प्रश्न (Review Questions)प्रश्न 1. ब्रोशर (Brochure) क्या है?उत्तर: ब्रोशर एक मुद्रित (Printed) या डिजिटल (Digital) प्रचार सामग्री है, जिसमें किसी पैकेज टूर की पूरी जानकारी सरल एवं आकर्षक रूप में दी जाती है। इसमें गंतव्य, परिवहन, आवास, सेवाएँ, नियम एवं शर्तें तथा बुकिंग संबंधी जानकारी शामिल होती है। इसका उद्देश्य ग्राहकों को सही जानकारी देना और पैकेज टूर का प्रचार करना है।
प्रश्न 2. टूर ब्रोशर के महत्व की व्याख्या कीजिए।उत्तर: टूर ब्रोशर पर्यटन व्यवसाय में एक महत्वपूर्ण प्रचार माध्यम है। इसके प्रमुख लाभ हैं—
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ग्राहकों को पैकेज की स्पष्ट एवं संपूर्ण जानकारी मिलती है।
-
शामिल एवं अतिरिक्त सेवाओं की जानकारी स्पष्ट होती है।
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पर्यटकों का भ्रम दूर होता है।
-
टूर ऑपरेटर एवं ट्रैवल एजेंट की बिक्री बढ़ाने में सहायता मिलती है।
-
पैकेज अधिक आकर्षक एवं विश्वसनीय दिखाई देता है।
प्रश्न 3. टूर ब्रोशर डिज़ाइन करने के लिए आवश्यक कौशल (Skills) कौन-कौन से हैं?उत्तर: एक प्रभावी टूर ब्रोशर तैयार करने के लिए निम्नलिखित कौशल आवश्यक हैं—
-
सरल एवं स्पष्ट भाषा में लिखने का कौशल।
-
पर्यटन स्थल एवं पैकेज का अच्छा ज्ञान।
-
जानकारी को आकर्षक एवं व्यवस्थित रूप से प्रस्तुत करने की क्षमता।
-
प्रभावी संचार कौशल (Communication Skills)।
-
रचनात्मकता (Creativity) एवं आकर्षक डिज़ाइन बनाने की क्षमता।
-
विपणन (Marketing) का ज्ञान, जिससे ब्रोशर ग्राहकों को आकर्षित कर सके।
प्रश्न 4. टूर ब्रोशर विकसित करने के चरण (Stages of Developing a Tour Brochure) बताइए।उत्तर: टूर ब्रोशर विकसित करने के मुख्य चरण निम्नलिखित हैं—
-
पैकेज टूर की पूरी जानकारी एकत्र करना।
-
परिचय (Introduction) तैयार करना।
-
परिवहन, आवास, दर्शनीय स्थल एवं अन्य सेवाओं का विवरण जोड़ना।
-
Do's and Don'ts शामिल करना।
-
शामिल एवं अतिरिक्त सेवाओं का उल्लेख करना।
-
पर्यटन स्थलों, होटल एवं परिवहन के आकर्षक चित्र जोड़ना।
-
बुकिंग फॉर्म एवं नियम-शर्तें शामिल करना।
-
अंतिम रूप देकर ट्रैवल एजेंटों एवं अन्य माध्यमों से प्रचार एवं बिक्री के लिए जारी करना।
5.6 टूर प्रोग्रामिंग एवं उसका महत्व (Tour Programming and its Importance)
टूर प्रोग्रामिंग (Tour Programming) का अर्थ है पैकेज टूर में मुख्य दर्शनीय स्थलों (Sightseeing) और भ्रमण (Excursions) को बनाए रखते हुए अतिरिक्त आकर्षक गतिविधियों (Activities) एवं कार्यक्रमों (Events) को शामिल करना, ताकि यात्रा अधिक रोचक, यादगार और मूल्यवान बन सके।
टूर प्रोग्रामिंग का उद्देश्य केवल पर्यटन स्थलों का भ्रमण कराना नहीं, बल्कि पर्यटकों को एक अनोखा और यादगार अनुभव (Memorable Experience) प्रदान करना भी है।
टूर प्रोग्रामिंग का अर्थ (Meaning of Tour Programming)
टूर प्रोग्रामिंग वह प्रक्रिया है जिसमें पैकेज टूर में अतिरिक्त गतिविधियों की योजना बनाई जाती है।
इन गतिविधियों को जोड़ने से—
-
यात्रा अधिक रोचक बनती है।
-
मुख्य दर्शनीय स्थल एवं भ्रमण यथावत बने रहते हैं।
-
पर्यटकों को अधिक संतुष्टि और बेहतर अनुभव प्राप्त होता है।
-
पैकेज का आकर्षण एवं गुणवत्ता बढ़ती है।
टूर प्रोग्रामिंग के उदाहरण (Examples of Tour Programming)
टूर ऑपरेटर पर्यटकों की रुचि के अनुसार विभिन्न गतिविधियाँ शामिल कर सकते हैं, जैसे—
-
फोटोग्राफी (Photography)
-
संगीत (Music)
-
नृत्य (Dance)
-
चित्रकला (Painting)
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मूर्तिकला (Sculpting)
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तैराकी (Swimming)
-
मछली पकड़ना (Fishing)
-
सर्फिंग (Surfing)
-
कैनोइंग (Canoeing)
-
रोइंग (Rowing)
-
ट्रेकिंग (Trekking)
-
खाना बनाना (Cooking)
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खेती (Cultivating)
ये गतिविधियाँ पर्यटकों को जीवनभर याद रहने वाला अनुभव (Lifetime Experience) प्रदान करती हैं और यात्रा को अधिक आनंददायक बनाती हैं।
स्थानीय मेले एवं त्योहारों का उपयोग (Use of Local Festivals and Fairs)
टूर ऑपरेटर स्थानीय त्योहारों (Festivals) एवं मेलों (Fairs) की जानकारी पहले से प्राप्त करते हैं और उन्हें यात्रा कार्यक्रम (Itinerary) में शामिल करते हैं।
प्रमुख लाभ
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पर्यटकों को स्थानीय संस्कृति का अनुभव मिलता है।
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यात्रा अधिक आकर्षक एवं अर्थपूर्ण बनती है।
-
स्थानीय परंपराओं और रीति-रिवाजों को जानने का अवसर मिलता है।
टूर प्रोग्रामिंग का महत्व (Importance of Tour Programming)
1. पैसे का पूरा मूल्य (Value for Money)
अतिरिक्त गतिविधियों के कारण पर्यटकों को लगता है कि उन्हें अपने भुगतान के बदले अधिक सेवाएँ मिल रही हैं।
लाभ
-
ग्राहक संतुष्टि बढ़ती है।
-
पैकेज अधिक मूल्यवान प्रतीत होता है।
2. बेहतर यात्रा कार्यक्रम (Better Itinerary)
टूर प्रोग्रामिंग यात्रा कार्यक्रम को अधिक आकर्षक एवं संतुलित बनाती है।
लाभ
-
यात्रा अधिक रोचक बनती है।
-
पर्यटकों की रुचि बनी रहती है।
3. ग्राहकों की आवश्यकताओं के अनुसार (Matches Customer Needs)
गतिविधियों का चयन पर्यटकों की रुचि, आयु एवं पसंद के अनुसार किया जाता है।
लाभ
-
पैकेज अधिक व्यक्तिगत (Personalized) बनता है।
-
पर्यटक अधिक संतुष्ट होते हैं।
4. व्यवसाय के नए अवसर (Business Opportunity)
अतिरिक्त गतिविधियाँ टूर ऑपरेटर के लिए आय बढ़ाने का अवसर प्रदान करती हैं।
लाभ
-
मूल्यवर्धित (Value-Added) सेवाओं की बिक्री बढ़ती है।
-
व्यवसाय का लाभ बढ़ता है।
5. ब्रांडिंग एवं बाजार में पहचान (Branding and Positioning)
बेहतर टूर प्रोग्रामिंग से टूर ऑपरेटर की अच्छी छवि बनती है।
लाभ
-
ब्रांड की पहचान मजबूत होती है।
-
प्रतिस्पर्धी बाजार में बेहतर स्थान प्राप्त होता है।
6. लक्षित बाजार (Target Market)
टूर प्रोग्रामिंग विशेष प्रकार के ग्राहकों को आकर्षित करने में सहायता करती है।
लाभ
-
सही ग्राहक समूह तक पहुँचना आसान होता है।
-
पैकेज विशेष बाजार (Market Segment) के लिए उपयुक्त बनता है।
अभ्यास प्रश्न (Review Questions)
प्रश्न 1. टूर ब्रोशर डिज़ाइन करने के लिए आवश्यक कौशल (Skills) कौन-कौन से हैं?
उत्तर:
एक प्रभावी टूर ब्रोशर तैयार करने के लिए निम्नलिखित कौशल आवश्यक हैं—
-
सरल एवं स्पष्ट भाषा में लिखने का कौशल।
-
पर्यटन स्थल एवं पैकेज का अच्छा ज्ञान।
-
जानकारी को आकर्षक एवं व्यवस्थित रूप से प्रस्तुत करने की क्षमता।
-
प्रभावी संचार कौशल।
-
रचनात्मकता (Creativity) एवं आकर्षक डिज़ाइन बनाने की क्षमता।
-
विपणन (Marketing) का ज्ञान, जिससे ब्रोशर ग्राहकों को आकर्षित कर सके।
प्रश्न 2. टूर पैकेज का क्या महत्व है?
उत्तर:
टूर पैकेज पर्यटन उद्योग का एक महत्वपूर्ण भाग है क्योंकि यह सभी आवश्यक यात्रा सेवाएँ एक ही योजना और एक ही मूल्य पर उपलब्ध कराता है।
इसके प्रमुख लाभ हैं—
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समय और धन की बचत।
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यात्रा अधिक सुविधाजनक एवं व्यवस्थित बनती है।
-
भ्रम और असुविधा कम होती है।
-
पर्यटकों को पैसे का पूरा मूल्य (Value for Money) मिलता है।
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टूर ऑपरेटर, होटल, परिवहन कंपनियों एवं अन्य सेवा प्रदाताओं को व्यवसाय के अवसर मिलते हैं।
प्रश्न 3. पैकेज टूर व्यवसाय में टूर प्रोग्रामिंग को इतना महत्व क्यों दिया जाता है?
उत्तर:
टूर प्रोग्रामिंग पैकेज टूर का महत्वपूर्ण भाग है क्योंकि यह मुख्य दर्शनीय स्थलों को हटाए बिना यात्रा में अतिरिक्त गतिविधियाँ जोड़ती है।
इसके प्रमुख लाभ हैं—
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यात्रा अधिक आकर्षक एवं मनोरंजक बनती है।
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पर्यटकों को संगीत, नृत्य, ट्रेकिंग, खाना बनाना, स्थानीय मेले एवं त्योहार जैसी अतिरिक्त गतिविधियों का अनुभव मिलता है।
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ग्राहकों की संतुष्टि बढ़ती है।
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टूर ऑपरेटर को अधिक ग्राहक आकर्षित करने में सहायता मिलती है।
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ब्रांड की पहचान मजबूत होती है।
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दोबारा आने वाले (Repeat) ग्राहकों की संख्या बढ़ती है।
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